रथ केर पहिया प्राण बैन टुटल अइ नयन प्रतीक्षारत बिछायल जाल खोइल दिय अहा केर भाव मे हम बुन्द बुन्द भिजलौ ओहि भाव बिभोर स मुक्त क दिय हमरा किछ कह लेल अनुमती दिय बस अनुमती दिय किछो देखबाक लेल इजोरिया राइत मे चेहरा चान्द सन हम सजौने रहि मुदा ओहि मे नुकायल अन्हरिया छिपल काजर सन कारी राइत तकरा फेर स अहा लग बखान कर दिय हमरा .... बस अनुमती दिय जिवनक अहि भवर मे रणेवने हम अकेले भटकलौ अहा केर नाम अहा केर शृङ्गार जीवन भैर कोमल हाथ स उठेलौ हम अहि ठोकर मार्ग स अन्जान रहि ओहि बितल मार्ग के उघार कर दिय हमरा... बस अनुमती दिय रचना: प्रतिभा झा
एक बेहतरीन मैथिली गीत तथा संगीत साथ साथ गायन स भरल गीत "अहाँ बिना" सार्वजनिक भ चुकल अछि। ई गीत में किछ अलग अंदाज के साथ साथ किछ नयाँपन देख के मौका जरूर भेटत। अई गीत में कलाकार सब के बात करी त ,हिरो के रोलमें "श्री दीपेंद्र साह" रहल अछि त हेरोईन के किरदार "माही तनवीर खान" के रहल अछि।
दिल के झूमा देब वाला गीत "अहाँ बिना" के गीतकार "श्याम" आ "ध्रुब" के रहल अछि।तहिना संगीत के अरेंज अहि गीतक मुख्य हीरो "दीपेंद्र साह"स्वयं केने अछि।अगर बात करि आवाज के त अई गीत में अपन सुमधुर आवाज "सि. के. चन्दन "जी के रहल अछि।
ओना गीत संगीत त जनकपुर में बहुत कलाकार सब निकालैय मुदा ई गीत अन्य गीत सब स भिन्न ढंग स प्रस्तुत तथा रिलीज़ क्याल गेल अछि। अई गीत में निर्देशक के रूप में अपन सफल पहिचान बनावमें सफल निर्देश "श्री राजू सर्राफ" के रहल अछि।तहिना सिनेमेटोग्राफी "श्री अमर साह"केने अछि और अहि गीतक एडिटिंग "श्री बंदे प्रशाद साहु" द्वारा क्याल गेल अछि।
ई गीत अपने सब रिदम स्टूडियो के यूट्यूब चैनल पर देख आ सुइन सकै छि ।
धन्यवाद।
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